नगर निगम भोपाल के जनसंपर्क विभाग की बिलों की 2000 से2026तक फाइलों की जांच होना चाहिए हार फूल, होटल, बैनर, और माइक, की लोकायुक्त पुलिस को जांच करना चाहिए इसमें भी करोड़ों का भ्रष्टाचार निकलेगा एक बार जांच हुई थी फिर फाइल को दबा दिया गया पूर्व कमिश्नर श्री भारद्वाज के जमाने में था उनका यहां से ट्रांसफर भी कराया गया

नगर निगम भोपाल जनसंपर्क लोकायुक्त इस विभाग की जांच होनी चाहिए यहां तो घोटाला नगर निगम की जांच होनी चाहिए इसको क्यों लोकायुक्त नहीं जांच कर
नगर निगम भोपाल के जनसंपर्क विभाग की बिलों की 2000 से2026तक फाइलों की जांच होना चाहिए हार फूल, होटल, बैनर, और माइक, की लोकायुक्त पुलिस को जांच करना चाहिए इसमें भी करोड़ों का भ्रष्टाचार निकलेगा एक बार जांच हुई थी फिर फाइल को दबा दिया गया पूर्व कमिश्नर श्री भारद्वाज के जमाने में था उनका यहां से ट्रांसफर भी कराया गया
भोपाल नगर निगम के चर्चित अपर आयुक्त वित्त तथा अन्य कर्मचारियों के विरुद्ध लोकायुक्त भोपाल ने फर्जी बिल भुगतान का प्रकरण दर्जभोपालभोपाल नगर निगम में बिना काम कारण ई-बिलिंग कर फर्जी पेमेंट करने के आरोप में शिकायत की जांच के बाद लोकायुक्त पुलिस द्वारा नगर निगम के अपर आयुक्त वित्त गुणवंत सेवतकर तथा अन्य कर्मचारियों के विरुद्ध अपराधिक प्रकरण दर्ज कर निगम के सर्वर से सप को हार्ड डिस्क जम कर आगामी शुरू कर दी है।सीप का डाटा सीज कियाआरओ संबंधी समस्त कार्य किए हैं। बस अधिग्रहण के बिलों में भी भारी हेरा फेरी की है। यह व्यक्ति व्यक्ति क्षेत्रीय परिवहन कार्यालय भोपाल में प्रतिनियुक्ति पर असिस्टेंट अकाउंट ऑफिसर के पद पर रहते हुए पदस्य हुआथा। यह व्यक्ति कोष एवं लेखा विभाग से परिवहन विभाग में प्रतिनियुक्ति पर आया था। असिस्टेंट अकाउंट ऑफिसर से उप आयुक्त पद प्रमोशन होने पर कई बार सवाल उठे ? प्रमोशन संदिग्ध है। यही नहीं मध्य प्रदेश राज्य परिवहन का स्क्रैप बेचने में इसकी भूमिका रही है एवं उसमें भी करोड़ों रुपए का अष्यचार हुआ है ऐसी चर्चा है।यह व्यक्ति लंबे समय तक क्षेत्रीय परिवहन कार्यालय भोपाल में पदस्थ रहा है, सूत्र बताते हैं कि यहां भी भारी भ्रष्टाचार तत्काल आरटीओ संजय तिवारी के साथ मिलकर किया है। पात्रता ना होने के बाद भी सालों साल एसूत्रों अनुसार गुणवंत लंबे समय तक क्षेत्रीय परिवहन कार्यालय भोपाल में पदस्य रहे है F सूत्र बताते हैं कि यहां भी भारी भ्रष्टाचार किया है। पात्रता नाहोने के बाद भी सालों साल ए आरटीओ संबंधी समस्त कार्य किए हैं। इस अधिग्रहण के बिलों में भी भारी हेरा फेरी की है। यह क्षेत्रीय परिवहन कार्यालय भोपाल में प्रति नियुक्ति पर असिस्टेंट अकाउंट ऑफिसर के पद पर रहते हुए पदस्य कोष एवं लेखा विभाग से परिवहन विभाग में प्रतिनियुक्ति पर पदस्थ हुआ था, असिस्टेंट अकाउंट ऑफिसर से उप आयुक्त पद प्रमोशन होने पर कई बार सवाल उठे ? प्रमोशन भी संदिग्ध है। यही नहीं मध्य प्रदेश राज्य परिवहन का स्क्रैप बेचने में इसकी f भूमिका रही है एवं उसमें भी करोड़ों रुपए का भ्राचार हुआ है ऐसी चर्चा है।
